डिसीएलआर सहरसा ने विवादित कांग्रेस पार्टी की वर्षों से चली आ रही जमीन की किया स्थलीय जांच

डिसीएलआर सहरसा ने विवादित कांग्रेस पार्टी की वर्षों से चली आ रही जमीन की किया स्थलीय जांच

विवादित कांग्रेस पार्टी की जमीन पर वर्षों से स्थानीय लोगों का है कब्जा व जमीन की कट रही है जमाबन्दी रसीद

सभी निचले न्यायालय से कांग्रेस पार्टी को सक्षम न्यायालय जाने की दिया जा रहा है आदेश लेकिन कांग्रेस पार्टी सक्षम न्यायालय जाने के लिए नहीं है तैयार

डीसीएलआर और आयुक्त न्यायालय से भी पूर्व में हार चूकी है कांग्रेस पार्टी, फिर नया सिरे से डीसीएलआर न्यायालय में किया गया है अधिकार वाद दायर

समाचार डेस्क ज्ञानमाला नैशनल टीवी📺 न्यूज़ चैनल

सोनबरसा राज (सहरसा) (आससे)। सोनबरसा राज प्रखण्ड मुख्यालय स्थित वर्षों पूर्व स्थापित कांग्रेस पार्टी कार्यालय व कार्यालय की जमीन विवाद को लेकर वर्षों वाद फिर पुनः एक बार डीसीएलआर के न्यायालय में अधिकार वाद दायर बिहार कांग्रेस पार्टी के भू सम्पदा प्रभारी सह सुपौल के पूर्व विधायक प्रमोद सिंह के द्वारा किया गया है।फलस्वरूप सरजमीन  पर जांच करने पहुंचे डीसीएलआर सहरसा। 
मालुम हो कि उक्त अधिकार वाद दायर मामले को सरजमीन पर देखने आये सहरसा जिला डीसीएलआर ललित कुमार सिंह ने पूर्व कांग्रेस पार्टी कार्यालय की विवादित जमीन का गहन जांच करने के पश्चात विवादित जमीन के आगे बिहार सरकार की जमीन पर सड़क किनारे स्थित दूकान के कुछ दूकानदारों से भी डीसीएलआर ललित कुमार सिंह ने पूछताछ किया तो सभी ने बताया कि हमसभी अवधेश कुमार सिंह व दिनेश कुमार सिंह आदि को भाड़ा देता हूँ। लेकिन डीसीएलआर के द्वारा दूसरे पक्ष को नहीं तो कोई सूचना दिया और नहीं कोई पूछताछ ही किया गया है। 
ज्ञात हो कि दूसरे पक्ष अवधेश कुमार सिंह व दिनेश कुमार सिंह आदि का कहना है कि मुझे डीसीएलआर और आयुक्त न्यायालय से भी डिग्री प्राप्त है तथा जिस जमीन को कांग्रेस पार्टी कहती है कि यह मेरी जमीन है, उस जमीन की जमाबन्दी रसीद भी मुझे अपडेट रुप से कट रही है। कांग्रेस पार्टी को सभी न्यायालय से सक्षम न्यायालय जाने की आदेश दिया जाता रहा है लेकिन वह सक्षम न्यायालय नहीं जा रहे हैं। कारण स्पष्ट है कि वह जबरन राजनीतिक बल का उपयोग कर अधिकारियों व न्यायालय को गुमराह कर जमीन प्राप्त करना चाह रही है।