मनौरी ग्रामवासी ने डीएम और सीओ को आवेदन पत्र देकर राजस्व कर्मचारी प्रभात कुमार का तबादला हेतु दिया आवेदन पत्र
राजस्व कर्मचारी प्रभात कुमार पर मनौरी ग्रामवासी ने लगाया गम्भीर आरोप
बेवजह दाखिल खारिज आवेदन पत्र को रद्द करने, मोटी रकम की मांग करने और तीन से पांच महीना तक आवेदन पत्र को अपने लौगीन पर रखने का लगाया है आरोप
सोनबरसा राज अंचल के सीओ ने कहा आवेदन पत्र मिली है जांचकर की जाएगी कार्रवाई
समाचार डेस्क ज्ञानमाला नैशनल टीवी📺 न्यूज़ चैनल
सोनबरसा राज (सहरसा) (आससे)। सोनबरसा राज अंचल क्षेत्र के मनौरी गाँव का दर्जनों भुमि मालिकों ने एक संयुक्त हस्ताक्षरयुक्त आवेदन पत्र सहरसा जिला पदाधिकारी और सोनबरसा राज अंचल के सीओ को देकर हल्का कर्मचारी प्रभात कुमार का तबादला करने की मांग किया है। मनौरी गाँव के भुमि मालिकों ने हल्का कर्मचारी प्रभात कुमार पर बेवजह दाखिल खारिज आवेदन पत्र को अस्वीकृत करने और दाखिल खारिज करने के नाम पर एक मोटी रकम मांग करने का आरोप लगाया है।
मालुम हो कि आवेदन पत्र में मनौरी गाँव के भुमि मालिकों ने लिखा है कि प्रभात कुमार राजस्व कर्मचारी सोनबरसा राज और सोहा पंचायत में कार्यरत है, उसे अविलंब हटाया जाय और दूसरे राजस्व कर्मचारी को हल्का सोहा दिया जाए। क्योंकि प्रभात कुमार राजस्व कर्मचारी से मनौरी मौजा की जनता काफी परेशान हो चुका है। क्योंकि वर्ष 2023-2024 में बेवजह दाखिल खारिज को अस्वीकृत किया गया है! यह कि जिसका प्रतिशत लगभग 60 आंकि जा रही है। जो कि नियमानुसार गलत है तथा दाखिल खारिज आवेदन पत्र को चार - पांच महिना अपने लौगीन पर रखे रहता है और जो मोटी रकम देता है उसका जांच रिपोर्ट ही लौगीन पर स्वीकृति हेतु भेजते हैं। वहीं जो मोटी रकम नहीं देता है उसका जांच रिपोर्ट नहीं करके बल्कि झूठा कारण लगा कर के औबजैक्शन में श्री मान के लौगीन पर भेज देता है। जो सरासर गलत है और मनौरी की जनता जमाबंदी सुधार, लगान लौड एवं जमाबंदी लौड करवाने के लिए अंचल कार्यालय का चक्कर एवं कर्मचारी का चक्कर में दौड़ते दौड़ते परेशान हो गया है। कोई काम नहीं होता है। यह कि कोई भी राजस्व कर्मचारी को नियमानुसार एक हल्का में तीन साल ही रहने का है, लेकिन यह बहुत दिनों से रह रहे हैं। इसलिए प्रभात कुमार राजस्व कर्मचारी को सोहा पंचायत से हटाकर दूसरे नया कर्मचारी को हल्का सोहा पंचायत का प्रभार दिया जाए ताकि मनौरी ग्रामवासी का काम सुचारू रुप से हो सके।
सनद रहे कि आवेदन पत्र देने वालों में रविन्द्र कुमार साह, कुन्दन कुमार, अभिषेक कुमार, दीपक कुमार साह, बेचन साह, जलधर साह, बटन यादव, सुरेश साह धिरेन्द्र यादव, सुरेन्द्र साह, विलास यादव, कुन्दन यादव सचिन्द्र कुमार, बबलू कुमार, दीपक कुमार, मुकेश साह, जयप्रकाश कुमार, राजा कुमार साह, संजय साह, प्रदीप साह, सुनील कुमार, विश्वनाथ साह, रवीन कुमार, राम पुकार यादव, मुकेश यादव, जितेंद्र कुमार साह, नीरज साह, राजेन्द्र साह आदि दर्जनों मनौरी ग्रामवासी सामिल है।
ज्ञात हो कि बिहार सरकार के राजस्व एवं भुमि सुधार मंत्री ने भी हाल ही में अपने व्यान में और एक आदेश पत्र निकाल कर कहा है कि दाखिल खारिज ससमय पर होना चाहिए वरना नपेंगे हल्का राजस्व कर्मचारी व पदाधिकारी लेकिन उसके बावजूद दाखिल खारिज प्रक्रिया की लम्बी लाईन जहाँ एक ओर सोनबरसा राज अंचल में लगी हुई है वहीं राशि नहीं देनेवाले भुमिधारकों का दाखिल खारिज आवेदन पत्र को बेवजह रद्द कर दिया जा रहा है! जिससे भुमिधारकों में आक्रोश व्याप्त है।
वहीं नया नियम आने से कि जमीन बिक्री वही कर सकते हैं जिसके नाम जमाबंदी कायम है से भुमिधारकों में दाखिल खारिज समय पर नहीं होने से आक्रोश देखा जा रहा है।