सी ए ए चार वर्षो बाद ऐन चुनाव के वक्त लागू करने की मंशा को समझ रही है जनता- कॉंग्रेस

गया बिहार
संवाददाता अशोक शर्मा 

सी ए ए चार वर्षो बाद ऐन चुनाव के वक्त लागू करने की मंशा को समझ रही है जनता- कॉंग्रेस 

 लोकसभा चुनाव की घोषणा के चंद दिनों पहले चार वर्ष पुरानी सी ए ए को लागू कर चुनावी फायदे की भाजपा सरकार की चतुराई देश के देवतुल्य जनता बखूबी समझ रही है।
         11 मार्च 2024 से देशभर में नागरिकता संशोधन कानून लागू करने के उपरांत बिहार प्रदेश कॉंग्रेस कमिटी के प्रदेश प्रतिनिधि सह प्रवक्ता प्रो विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कॉंग्रेस उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह,  पार्षद प्रतिनिधि शशि किशोर शिशु, राम प्रमोद सिंह, शिव कुमार चौरसिया, श्रवण पासवान, अमित कुमार सिंह उर्फ रिंकू सिंह, टिंकू गिरी, अमरजीत कुमार,  विपिन बिहारी सिन्हा, कुंदन कुमार, युवा कॉंग्रेस अध्यक्ष विशाल कुमार आदि ने कहा कि जिस आधर पर देश का विभाजन हुआ,  वह यह था कि एक देश ने कहा कि धर्म उनके देश का आधर है और उन्होंने पाकिस्तान बनाया और महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू,  मौलाना आजाद,  डाक्टर भीमराव अम्बेडकर, ने कहा था कि धर्म की जीत होगी। यह हमारी राष्ट्रीयता का आधर है,  स्वतंत्रता के लिए हमारा संघर्ष सभी के लिए है और हम जो संविधान और राष्ट्र बनाएंगे वी सभी का  भारत होगा।
         नेताओं ने कहा कि आखिर सी ए ए को लेकर सरकार इतना देरी क्यों कि,  जब इतना देरी कर ही दी थी,  तो चुनाव के बाद लागू कर देते,  यहां तो भाजपा का लक्ष्य है की ये हर   चीज को धार्मिक सेंटिमेंट बनाने को आतुर है।
        नेताओं ने कहा कि बिल के पारित होने के चार साल बाद ऐन लोकसभा चुनाव के वक्त इसका लाभ लेने के लिए यह स्पष्ट रूप से समयबद्ध है।
         नेताओं ने कहा कि आज देश मे सबसे ज्वलंत मुद्दों में बढ़ती हुई कमरतोड़ महँगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, घोटाला आदि बना है, ज़न मे व्याप्त हो गया है तथा देश के देवतुल्य मतदाता आगामी लोकसभा चुनाव 2024 में मोदी सरकार को उखाड़ फेंकने का संकल्प लें लिया है,  जिससे बौखलाये भाजपा,  आर ए स ए स , भी एच पी,   सहित मोदी अंधभक्त,  अंतिम हथकंडा अपना कर धार्मिक ध्रुवीकरण को आतुर हैं ।