गया बिहार
संवाददाता अशोक शर्मा
लोकनायक जयप्रकाश नारायण की मनाई गई जयंती
11 अक्टूबर, 23 बोधगया
जेपी सेनानी लोकतंत्र संगठन की ओर से बज्र बोधि सोसाइटी, मोचारिम, बोधगया के सभागार में संपूर्ण क्रांति के प्रणेता लोकनायक जयप्रकाश नारायण की 121वीं जयंती समारोह का आयोजन किया गया । समारोह में मुख्य अतिथि विशिष्ट अतिथियों द्वारा सबसे पहले जेपी के तैल चित्र पर माल्यार्पण व पुष्पांजलि अर्पित किया गया । मौके पर उपस्थित मुख्य अतिथि बाराचट्टी के माननीय विधायका श्रीमती ज्योति मांझी ने कहा कि आज मैं जो कुछ भी हूं जेपी के कारण हूं । उन्होंने कहा कि जेपी यदि नहीं होते तो मैं विधायक नहीं होती । उन्होंने कहा कि जेपी के बताए रास्ते पर ही चल कर समस्याओं से निजात पाया जा सकता है । समारोह को संबोधित करते हुए
लोक समिति के राष्ट्रीय संयोजक श्री कौशल गणेश आजाद ने उनके कृतित्व और व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि 1974 में जेपी जिन हालातों के खिलाफ आंदोलन चलाए थे आज उससे बदतर हालात है। बेरोज़गारी , महंगाई, भ्रष्टाचार चरम पर है । अघोषित आपातकाल है । लोकतंत्र के चौथे स्तंभ कहे जाने वाले अखबारनवीसों को UAPA जैसे आतंकरोधी धाराओं के तहत जेल में बंद किया जा रहा है । धार्मिक सद्भाव पर चोट की जा रही है । किसान बेहाल है ।
श्री आजाद ने कहा कि इन हालातों से निजात पाना जेपी के बताए रास्ते से ही संभव है । प्रो. मुंद्रिका प्रसाद नायक ने कहा कि जेपी संपूर्ण क्रांति की बात की थी जिसमें सारे समस्याओं का निदान है । उपेन्द्र सिंह ने कहा कि जेपी भूदान आंदोलन को ऊंचाई तक पहुंचाए । उन्होंने कोहवरी का मामला सामने लाते हुए कहा कि भूदान की जमीन जिनके पास जमीन है उसे दिया गया है । जो भ्रष्टाचार का नमूना है। इनके अलावे सर्व श्री उदय पासवान , कृष्णनंदन गिरि , बिशुनधारी यादव , राजेंद्र मांझी , जनार्दन यादव , पूर्व मुखिया दिनेश्वर प्रसाद , श्याम बिहारी यादव, आनंद , सुमन देवी विजय यादव , युगल किशोर यादव , किशोरी यादव , नवल किशोर सिंह आदि ने भी अपने विचार व्यक्त किए। समारोह की अध्यक्षता जेपी सेनानी लोकतंत्र संगठन के जिला अध्यक्ष श्री जगदेव सिंह और संचालन श्री रामबिलास शर्मा ने किया । समारोह में सैंकड़ों महिला और पुरुष शामिल थे ।